एक दुखद घटना में Kerala की 14 वर्षीय किशोरी, जो परिवार के साथ Karnataka में ट्रेकिंग के दौरान लापता हो गई थी, चार दिन बाद मृत पाई गई। इस घटना ने पूरे क्षेत्र में चिंता और शोक का माहौल पैदा कर दिया है। रिपोर्ट्स के अनुसार किशोरी परिवार के लगभग 40 सदस्यों के साथ कर्नाटक के चंद्रद्रोण हिल्स क्षेत्र में ट्रेकिंग पर गई थी, जहां वह अचानक समूह से बिछड़ गई। बड़े स्तर पर सर्च ऑपरेशन चलाने के बाद उसका शव बरामद किया गया। कैसे हुई घटना? परिजनों के अनुसार, किशोरी ट्रेकिंग के दौरान आखिरी बार Manikyadhara viewpoint के पास देखी गई थी। कुछ समय बाद जब वह समूह के साथ नहीं मिली तो परिवार ने उसकी तलाश शुरू की। मामले की सूचना मिलते ही पुलिस, वन विभाग और बचाव दलों ने संयुक्त सर्च ऑपरेशन शुरू किया। कई दिनों की तलाश के बाद उसका शव खाई/ढलान वाले क्षेत्र में बरामद किया गया। परिवार ने उठाए सवाल मृतका के परिजनों ने घटना को लेकर संदेह जताया है और निष्पक्ष जांच की मांग की है। उनका कहना है कि जिस स्थान से शव बरामद हुआ, वहां पहले भी तलाशी ली गई थी। हालांकि पुलिस ने अभी तक किसी निष्कर्ष पर पहुंचने से इनकार किया है और कहा है कि सभी संभावित एंगल—दुर्घटना, गिरना या अन्य परिस्थितियां—जांच के दायरे में हैं। ट्रेकिंग सुरक्षा पर फिर उठे सवाल हाल की कई घटनाओं के बाद कर्नाटक में ट्रेकिंग सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल उठने लगे हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि: लोकप्रिय ट्रेकिंग स्थलों पर बेहतर निगरानी हो ग्रुप ट्रेकिंग के लिए सुरक्षा SOP लागू हो GPS/Tracking सिस्टम अनिवार्य किए जाएं स्थानीय गाइड और इमरजेंसी रिस्पॉन्स मजबूत हो प्रशासन की प्रतिक्रिया राज्य प्रशासन ने घटना को गंभीरता से लेते हुए जांच के आदेश दिए हैं। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और फॉरेंसिक जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई तय की जाएगी। इस घटना के बाद ट्रेकिंग स्थलों की सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा भी की जा सकती है। Post navigation असदुद्दीन ओवैसी की AIMIM ने हुमायूं कबीर की पार्टी से तोड़ा गठबंधन, वायरल वीडियो बना वजह वसुंधरा राजे फिर क्यों चर्चा में हैं? बयान और राजनीतिक संकेतों से बढ़ी हलचल