नीट परीक्षा रद्द होने और पेपर लीक विवाद को लेकर देश की राजनीति एक बार फिर गर्मा गई है। Aam Aadmi Party ने इस मुद्दे पर केंद्र सरकार और जांच एजेंसियों को घेरते हुए बड़ा हमला बोला है। बुधवार को आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक Arvind Kejriwal ने आरोप लगाया कि सबसे ज्यादा पेपर लीक उन्हीं राज्यों में हुए हैं, जहां भाजपा की डबल इंजन सरकार है। ‘सीबीआई कुछ नहीं करेगी’ — केजरीवाल प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान अरविंद केजरीवाल ने सीधे देश के युवाओं, खासकर ‘जेन-Z’ को संबोधित किया। उन्होंने कहा, “2017, 2021 और 2024 में भी पेपर लीक हुए थे। हर बार जांच सीबीआई को सौंपी गई, लेकिन क्या कार्रवाई हुई?” उन्होंने आरोप लगाया कि जांच एजेंसियां उन लोगों को रिपोर्ट करती हैं, जिन पर पेपर लीक कराने के आरोप लग रहे हैं। केजरीवाल ने कहा कि बार-बार जांच की घोषणा कर सरकार सिर्फ युवाओं का ध्यान भटकाने का काम कर रही है। ‘93 पेपर लीक, 6 करोड़ युवाओं का भविष्य प्रभावित’ केजरीवाल ने दावा किया कि Narendra Modi सरकार के कार्यकाल में अब तक 93 पेपर लीक हो चुके हैं, जिससे करीब 6 करोड़ युवाओं का भविष्य प्रभावित हुआ है। उन्होंने कहा कि लगातार हो रहे पेपर लीक से यह सवाल उठता है कि आखिर इसके पीछे कौन लोग हैं। उन्होंने नेपाल और बांग्लादेश का उदाहरण देते हुए कहा कि वहां के युवा सरकार बदल सकते हैं, तो भारत के युवा भी पेपर लीक करने वालों के खिलाफ आवाज उठा सकते हैं। युवाओं से सड़कों पर उतरने की अपील आम आदमी पार्टी प्रमुख ने कहा कि केवल सिस्टम को दोष देने से कुछ नहीं होगा। उन्होंने कहा, “सिस्टम अपने आप नहीं चलता, उसके पीछे लोग बैठे हैं। उन्हें पहचानना होगा, पकड़ना होगा और जेल भेजना होगा।” केजरीवाल ने युवाओं से आंदोलन करने और सड़कों पर उतरकर अपने भविष्य की लड़ाई लड़ने की अपील की। Post navigation NEET पेपर लीक पर बड़ा एक्शन, राजस्थान SOG ने मास्टरमाइंड मनीष को दबोचा NEET विवाद के बीच Vijay की बड़ी मांग, बोले- “NEET खत्म करो, 12वीं के अंकों से मिले मेडिकल एडमिशन”