पश्चिम बंगाल के दक्षिण 24 परगना जिले की दो विधानसभा सीटों पर कथित चुनावी अनियमितताओं की शिकायतों के बाद चुनाव आयोग ने 2 मई को 15 मतदान केंद्रों पर दोबारा मतदान कराने का निर्देश दिया है। यह फैसला शुक्रवार को लिया गया। आयोग के मुताबिक, मगरा हाट पश्चिम विधानसभा क्षेत्र के 11 और डायमंड हार्बर विधानसभा क्षेत्र के 4 बूथों पर पुनर्मतदान कराया जाएगा। इन दोनों सीटों पर दूसरे चरण के तहत 29 अप्रैल को मतदान हुआ था। वहीं, फल्टा विधानसभा क्षेत्र में पुनर्मतदान को लेकर निर्णय शनिवार को लिया जाएगा, क्योंकि वहां से रिपोर्ट अभी प्राप्त नहीं हुई है। पुनर्मतदान की नौबत क्यों आई? चुनाव आयोग ने यह फैसला अधिकारियों और पर्यवेक्षकों से मिली रिपोर्ट और जमीनी हालात को देखकर लिया है। इन रिपोर्टों में बताया गया कि कुछ मतदान केंद्रों पर सही तरीके से वोटिंग नहीं हो पाई, इसलिए दोबारा मतदान जरूरी हो गया। आयोग चाहता है कि हर वोट सही तरीके से डाला जाए और चुनाव निष्पक्ष रहें। इसी कारण 15 केंद्रों पर फिर से मतदान कराया जा रहा है। पुनर्मतदान 2 मई को सुबह 7 बजे से शुरू होकर शाम 6 बजे तक चलेगा, ताकि सभी मतदाताओं को पर्याप्त समय मिल सके और वे बिना किसी परेशानी के अपना वोट डाल सकें। 77 बूथों पर दोबारा मतदान की उठी थी मांग पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के दूसरे चरण के बाद 77 मतदान केंद्रों पर पुनर्मतदान की मांग उठी थी। चुनाव आयोग ने इन शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए जांच के बाद 15 बूथों पर दोबारा मतदान कराने का फैसला किया है। दरअसल, दक्षिण 24 परगना जिले की चार विधानसभा सीटों से ईवीएम में छेड़छाड़, कैमरों के काम में रुकावट और मतदान प्रक्रिया में अनियमितताओं से जुड़ी शिकायतें सामने आई थीं। आयोग ने पहले ही स्पष्ट कर दिया था कि पूरी जांच के बिना कोई निर्णय नहीं लिया जाएगा। भाजपा ने लगाया था अनियमितताओं का आरोप भाजपा ने डायमंड हार्बर लोकसभा क्षेत्र की दोनों विधानसभा सीटों के कुछ बूथों पर बड़े स्तर पर गड़बड़ी के आरोप लगाए थे। यह क्षेत्र टीएमसी नेता अभिषेक बनर्जी से जुड़ा है। इन शिकायतों की जांच के लिए चुनाव आयोग ने अपने विशेष पर्यवेक्षक सुब्रत गुप्ता को मौके पर भेजा। उनका काम था जमीनी स्थिति को समझना और सही जानकारी देना। दूसरी ओर, टीएमसी के प्रवक्ता कुणाल घोष ने कहा कि भाजपा को यहां हार का अंदेशा है, इसलिए वह बहाने बना रही है और पुनर्मतदान की मांग कर रही है, ताकि माहौल को प्रभावित किया जा सके। आयोग के फैसले पर भाजपा ने जताई खुशी उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग के फैसले से लोगों को फिर से वोट डालने जाना पड़ेगा और इसके पीछे भाजपा की भूमिका है। दूसरी तरफ, भाजपा नेता शुभेंदु अधिकारी ने आरोप लगाया कि इन इलाकों में कई बूथों पर गड़बड़ी हुई, जिससे टीएमसी को फायदा मिला। उन्होंने यह भी कहा कि आयोग के दोबारा मतदान कराने के फैसले से वे संतुष्ट हैं। Post navigation अखिलेश के PDA को टक्कर देने उतरे मोदी-योगी, नई रणनीति लॉन्च बंगाल चुनाव: अधीर रंजन चौधरी का दावा, केंद्रीय बलों की तैनाती से निडर होकर लोगों ने किया मतदान